[Intro]
कल्मुन में पानी-सा आँसू, हाय-हाय, ख्वाहिशों की बातों से दूर
[Verse 1]
निकल आते हैं आंसू जब मुलाक़ात नहीं होती
दिल टूट जाता है जब बात नहीं होती
तेरी जान की कसम, मेरी जान, रूह कहे बेचैनियाँ
याद तेरी जब भी रात लगती है, घेर लेती हैं गर्मियाँ
[Chorus]
तू ही वो सुबह है जो दिल बनकर आती है
तेरी यादों की रोशनी मेरी रफ्तार बढ़ाती है
कहूँ कैसे कहूं, मुझे तुमसे लगाव है कितना
अगर तू साथ हो, हर पल मेरी आवाज़ गाती है
[Verse 2]
वो मुद्दतें भी क्या— जो साथ न हो पाएँ
तन्हा शहर भी साया बनकर मेरे आस-पास आएँ
तेरे बिना रातें सूनी, दिन भी फीका लगे
हर ख्वाब में तेरा चेहरा मेरा दिल छू ले जाए
[Chorus]
तू ही वो सुबह है जो दिल बनकर आती है
तेरी यादों की रोशनी मेरी रफ्तार बढ़ाती है
कहूँ कैसे कहूं, मुझे तुमसे लगाव है कितना
अगर तू साथ हो, हर पल मेरी आवाज़ गाती है
[Bridge]
कभी मिलना, कभी दूर जाना—कुछ नहीं भुलता
तेरे बिना हर साँस में तेरा नाम ही बुलता
[Chorus]
तू ही वो सुबह है जो दिल बनकर आती है
तेरी यादों की रोशनी मेरी रफ्तार बढ़ाती है
कहूँ कैसे कहूं, मुझे तुमसे लगाव है कितना
अगर तू साथ हो, हर पल मेरी आवाज़ गाती है
[Outro]
तेरे बिना आंसू साथ चलते हैं रात भर
मगर तेरी याद से ही फिर शुरू होती है सुबह Cher