तू वहाँ… मैं यहाँ…
[Intro – Soft Piano]
तू मिला था एक पल को,
फिर उम्रभर की याद हुआ…
पास होकर भी दूर रहा,
फिर दिल के इतना पास हुआ…
[Verse 1]
तेरी बातें आज भी हैं,
मेरी ख़ामोशी के साथ,
तू नहीं है मेरे पास,
फिर भी तू रहता हर पल पास।
मैंने चाहा तुझे इतना,
कि खुद को ही भूल गया,
तेरे जाने के बाद भी,
मैं तेरा होकर रह गया।
शहर वही, वो रास्ते वही,
बस तू नहीं है मेरे साथ,
भीड़ में भी ढूँढता हूँ,
तेरी वो पहली सी बात…
[Chorus]
तू वहाँ… मैं यहाँ…
फिर भी दर्द एक है…
तू वहाँ… मैं यहाँ…
फिर भी यादें नेक हैं…
मिलने की जो आस थी,
वो भी अब ख़ामोश है…
तू मेरा होकर भी नहीं,
और दिल अब भी तेरा है…
[Verse 2]
तेरी एक तस्वीर को,
आज भी मैं देखती हूँ,
जो कहा नहीं कभी तुझसे,
वो खुद से ही कहती हूँ।
तेरा “कैसी हो?” अब नहीं आता,
फिर भी इंतज़ार रहता है,
फ़ोन ख़ामोश पड़ा रहता,
दिल फिर भी बेकरार रहता है।
कभी वो रातें याद आतीं,
जब बातें खत्म नहीं होती थीं,
अब वही रातें पूछती हैं,
क्यों आँखें नम होती हैं…
[Pre-Chorus]
मेरी सुबहें फीकी हैं,
तेरी यादों के बिना,
हर खुशी अधूरी लगती,
तेरे नाम के बिना…
[Chorus]
तू वहाँ… मैं यहाँ…
फिर भी दर्द एक है…
तू वहाँ… मैं यहाँ…
फिर भी यादें नेक हैं…
रास्ते अलग हो गए,
मंज़िलें भी बदल गईं,
पर जो बातें दिल में थीं,
वो आज भी वहीं हैं…
[Verse 3]
कहा था तूने “साथ रहेंगे”,
वो बात कहाँ चली गई,
एक छोटी सी दूरी थी,
फिर पूरी दुनिया बदल गई।
मैंने तुझको खोया नहीं,
बस छूना छोड़ दिया,
दिल ने तेरा नाम लिया,
मैंने कहना छोड़ दिया।
कुछ रिश्ते टूटते नहीं,
बस चुप हो जाते हैं,
कुछ लोग दूर जाते हैं,
पर दिल में रह जाते हैं।
ना शिकायत अब कोई,
ना कोई सवाल है,
बस इतना सा अफ़सोस है,
तू आज भी बेमिसाल है…
[Bridge – Very Soft]
शायद हम फिर मिलेंगे,
किसी अनजान शहर में,
शायद तू पहचान ले,
मुझे मेरी ही नज़र में…
शायद कुछ ना कहें हम,
बस आँखें भर आएँ,
जो अधूरा रह गया था,
उसे ख़ामोशी सुनाए…
ना कोई वादा होगा,
ना कोई शिकायत होगी,
बस कुछ पल की मुलाक़ात,
फिर वही दूरी होगी…
[Final Chorus – Emotional Peak]
तू वहाँ… मैं यहाँ…
अब ये दूरी भी क्या है…
दिल से दिल तक रास्ता था,
फिर क्यों खो गया पता है…
जो प्यार कम ना हुआ,
वो किस्मत से हार गया,
तू मेरा था कुछ पल के लिए,
पर दिल तेरा हो गया…
एक कहानी