[Intro]
बिस्तर की कहानी शुरू, कहानी राजसी सी।
बादशाह बेड की आवाज़, तितली-सी रोशनी मैली नहीं।
[Verse 1]
एक महल बड़ा, एक डर नहीं, एक काला-सुनहरा बिस्फोट,
बेड जीवित हो उठे रात में, बातें करे वो छोटा-सा लोट-लोट।
"उदास मत हो, मैं तुम्हारा दोस्त हूँ," बोले प्यार से राजा,
चादर हिलाकर चलाई सुनहरी रोशनी, दीवारें हो गईं तारा-तारा।
[Chorus]
तुम्हारे सपनों का गढ़, मेरे साथ है हर रात,
तख़्त-ए-नींद पर चलो, मैं हूँ तुम्हारा साथ।
खूबसूरत राज्य दिखेगा सपनों में, जब तुम हो पास,
मेरे साथ सो जाओ, मैं रखूं तुम्हें राज़ी और आस।
[Verse 2]
पर एक दिन प्यारा तकिया गायब, महल में गूंजा बावेला,
बेड ने कहा, "मिल गया, الحل"—सपनों की राह साफ़ झेललेला।
झांकी आईने के पीछे पाया तकिया, हंसी आई बालक के होठों पर,