[Intro]
तेज धड़कन, हरियाणवी धुन, आवाज़ में आग है
छोरी की हिम्मत का दाग़, सूरज जैसी उज्ज्वल चाल है
[Verse 1]
बचपन से हिस्से जो मिले, कुथी-झक मन्नतों सी बनाई
झूले वाले टूशन-स्ट्रीट, पर दिल ने ठानी राह नई
हाथ में चटाई-सी धाक, आँखों में तेज़ी का दुपट्टा
स्वयं की कहानी लिखे, हर स्टेप पे कहे- मैं अकेली माफ़ नहीं
[Pre-Chorus]
कदम बढ़े तो लोग बोले बंदिशें हैं, मैं कहती- रोक पाओगी कैसे?
कंधों पे ज़ज़्बा, सिर ऊँचा, हौंसला जो बने मेरी पग-पग की दीया-सी
[Chorus]
मैं हूॅं वो चोलीदार धडकन, रैम्प नहीं, मेरो बस्ती की आवाज़
हरियाणा की गलियों से उठी, सपनों को दिया सच का नाम
लहजे बदले, स्टाइल मेरी कसम, खुद पे भरोसा, खुद से है राज़
ये डर नहीं, ये पावर है, मैं अपनी जीत की पंक्ति साफ़ साफ़ लिख दूँगी
[Verse 2]
स्कूल की सीढ़ियाँ, पड़ोस की खींच-तान, फिर भी मुस्कान भारी
पहनती हूँ जीन-लहंगा, पर बोलती हूँ स्ट्रीट-हार्ड बात पक्की
फटी जीन्स-स्वैगर, ड्रेसिंग में गाँव की शान, नाम मेरा तीखा तिलक
डर नहीं है किसी से, हर मोड़ पर जीत की मीठी आहट साफ़ दिखे
[Pre-Chorus]
जिंदा दिल, आत्म-निर्भर सपना मेरा, पीछे नहीं हटतीं मैं कभी
हवाओं से कह दूँ, तू भी सीख ले ये नया अंदाज़- ठान लिया जो पक्का
[Chorus]
मैं हूॅं वो चोलीदार धडकन, रैम्प नहीं, मेरो बस्ती की आवाज़
हरियाणा की गलियों से उठी, सपनों को दिया सच का नाम
लहजे बदले, स्टाइल मेरी कसम, खुद पे भरोसा, खुद से है राज़
ये डर नहीं, ये पावर है, मैं अपनी जीत की पंक्ति साफ़ साफ़ लिख दूँगी
[Bridge]
कहाँ से आया ये जज़्बा? खेत-खलिहान से पसीने की कहानी
मेरी भाषा, मेरे ड्रेस, हर कदम पर है आज़ादी की रवानी
[Chorus]
मैं हूं वो चोलीदार धडकन, रैम्प नहीं, मेरो बस्ती की आवाज़
हरियाणा की गलियों से उठी, सपनों को दिया सच का नाम
लहजे बदले, स्टाइल मेरी कसम, खुद पे भरोसा, खुद से है राज़
ये डर नहीं, ये पावर है, मैं अपनी जीत की पंक्ति साफ़ साफ़ लिख दूँगी
[Outro]
तेज़-धीमी रफ्तार, फिर तेज़ी से उठे कदम, सूरज सा उगता है सूर
छोरी की कहर, बस अब शुरू, हर चुनौती पर जीत का सवाल नहीं, जवाब है मैं