[Intro]
दिल धड़कता है, गली के उस मोड़ पर
पुरानी दिल्ली की खुशबू अभी साथ है
[Verse 1]
गली-गली से उठी एक लड़की आई है
चमकते शहर की चकाचौंध में मुस्काती राह पाती है
पर दिल के पीछे, कबूतरों में बंधी यादें साथ रहतीं हैं
ठंडी आहट में कहानी वही—कच्ची, धुंधली, सजीव रातें
[Chorus]
वही आवाज़, वही गहू-सी दिलासा, पुराने pavement की धुन
नई रोशनियों के बीच भी उसकी धड़कन, पुरानी दुनिया से तनहाई में जुड़ती है
यादों के शहर में वह सांस लेती है, बदलते समय में भी स्थिर रहती है
कहती है वह खुद से, मैं वही हूँ, बस जगह बदली है
[Verse 2]
गांठदार यादें, फड़फड़ाती शाम की कहानी-सी
दिल्ली की गलियों की तस्वीरें, उसके चेहरे पर उभरती हैं
नज़ारे, आवाज़ें, खुशियाँ, तकलीफ़ें—सब एक साथ गूँजते हैं
तड़पती कल्पनाओं की सड़क पर, वह कभी थमती नहीं
[Pre-Chorus]
दिल की एक खिड़की खुलती है, शहर की रोशनी उसमें गिरती है
यही धड़कन बन जाती है उसकी दिशा, वही आवाज़ उसे राह दिखाती है
[Chorus]
वही आवाज़, वही गहू-सी दिलासा, पुराने pavement की धुन
नई रोशनियों के बीच भी उसकी धड़कन, पुरानी दुनिया से तनहाई में जुड़ती है
यादों के शहर में वह सांस लेती है, बदलते समय में भी स्थिर रहती है
कहती है वह खुद से, मैं वही हूँ, बस जगह बदली है
[Bridge]
समय की धूल में लिखी उसकी कहानी, हर मोड़ पर नया रंग दिखाती है
तड़पती कल्पनाओं का आसमान, उन गलियों की याद से ही बनता है
[Chorus]
वही आवाज़, वही गहू-सी दिलासा, पुराने pavement की धुन
नई रोशनियों के बीच भी उसकी धड़कन, पुरानी दुनिया से तनहाई में जुड़ती है
यादों के शहर में वह सांस लेती है, बदलते समय में भी स्थिर रहती है
कहती है वह खुद से, मैं वही हूँ, बस जगह बदली है
[Outro]
पुरानी दुनिया की धुन उसके धड़कनों में गीत बनकर गूंजती है
चमकते शहर की रोशनी में भी, वही दिल-गाँठदार तस्वीरें रह जाती हैं
वह चले, फिर भी वहीं रहे, वहाँ की आवाज़ें चेहरे पर मुस्कान बनकर बैठी हैं