[Intro]
दो दोस्त बैठे हैं सफ़रनामा बनाकर,
खिड़की से बाहर घूमती राहों को देखते हैं मुस्कान संग साथ।
[Verse 1]
बस की धड़कन-सी आवाज़, इंजन की कहानी में हम बोले
छोटे शहर की गलियाँ पीछे छोड़, दूर शहरों की ओर हम हो चले।
हवा में ठंडी खुशबू, हर स्टॉप पर नया चेहरा नया रंग
दिन भर की बातें छोटे-छोटे सपने जैसे बचे साथ संग।
[Pre-Chorus]
हमारी ये यात्रा, दिलों के रास्ते वही पुराने नाम से पुकारे
पास बैठे दोस्त, हर लम्हा साथ है, आँखों में उम्मीद के तारे।
[Chorus]
चल पड़े हैं हम मंजिल की ओर, हौसला साथ, मुस्कान साथ
हर मोड़ एक कहानी है, हर गाड़ी की रफ्तार साथ।
दिल में है adventurous आवाज़, हर दृश्य नया सा लगे पास-पास
ये सफर है जीने की दास्तान, दोस्ती की खुशी से बना आसमान।
[Verse 2]
रेलगाड़ी की खिड़की से दिखते हैं खेत-खलिहान और दूर-क़स्बे,
छायाओं में गूंजती यादें, बातें-सी बातें, कहानी जैसी सब ख्याल।
हंसी-खुशी के छोटे रास्ते, चाय के प्याले में गर्मियाँ सीकड़ें
हम दोनों की राह पर राहगीर, हर शाम की रोशनी अब और बढ़े।
[Pre-Chorus]
मंज़िल अभी दूर सही, पर दिल है तो रास्ता खुद बन जाता है
ताक़ीद-सी ये मुस्कान कहती है—हर नया दृश्य मुझे पक्का उम्म प्रधान देता है।
[Chorus]
चल पड़े हैं हम मंजिल की ओर, हौसला साथ, मुस्कान साथ
हर मोड़ एक कहानी है, हर गाड़ी की रफ्तार साथ।
दिल में है adventurous आवाज़, हर दृश्य नया सा लगे पास-पास
ये सफर है जीने की दास्तान, दोस्ती की खुशी से बना आसमान।
[Bridge]
बेबाक आवाज़ें, चिकना रास्ता या मिट्टी की गलियाँ—
हमारी चर्चा में हर बात एक कहानी बन जाए।
[Chorus]
चल पड़े हैं हम मंजिल की ओर, हौसला साथ, मुस्कान साथ
हर मोड़ एक कहानी है, हर गाड़ी की रफ्तार साथ।
दिल में है adventurous आवाज़, हर दृश्य नया सा लगे पास-पास
ये सफर है जीने की दास्तान, दोस्ती की खुशी से बना आसमान।
[Outro]
बस-खिड़की की धुन पर चढती जा रही है सुबह की रोशनी
दोस्ती की इस यात्रा में हर लम्हा खुशियों की कहानी।